रायपुर : अगले पांच साल में केवल 13 नगर निगमों को ही नहीं, 44 नगर पालिकाओं ओर 111 नगर पंचायतों को भी स्मार्ट बनाने का काम होगा। राज्य शहरी विकास अभिकरण (सूडा) ने सभी 168 नगरीय निकायों से वर्ष 2023 तक का विजन मंगाया है, जिसमें उन्हें अंडरग्राउंड सीवरेज सिस्टम, सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट, वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट, स्टॉर्म वॉटर ड्रेनेज सिस्टम जैसे आधुनिक अधोसंरचना विकास का प्लान तैयार करने के लिए कहा गया है।

केंद्र सरकार ने स्मार्ट सिटी बनाने के लिए छत्तीसगढ़ के तीन शहर रायपुर, बिलासपुर और नया रायपुर को चुना है। इन तीनों शहरों में आधुनिकतम सुविधाएं विकसित करने के लिए केंद्र सरकार आर्थिक मदद कर रही है। राज्य सरकार इन तीन शहरों के अलावा प्रदेश के दूसरे शहरों और नगरों को भी स्मार्ट बनाने की कोशिश में लगी है।

इस कारण सूडा ने पहले निकायों से ही प्लान मंगाया है। निकायों का विजन प्लान आने के बाद सूडा के विशेषज्ञ उनका अवलोकन करेंगे। इस कारण सूडा ने सभी निकायों से भौगोलिक और जनसांख्यिकी जानकारी मांगी है। इसके अलावा 12 और बिंदु तय किए हैं, जिसके आधार पर विजन प्लान तैयार करना है। विजन प्लान को स्वीकृति मिलने के बाद चरणबद्ध तरीके से काम शुरू कराया जाएगा। 

इन पर प्लान हो रहा तैयार

कीटाणुरहित पानी की सप्लाई व्यवस्था, जल उपचार संयंत्र, भूमिगत नाली, नाली के पानी के उपचार का संयंत्र व उससे सम्बद्ध कार्य, बारिश में भरने वाले पानी के बहाव की व्यवस्था, परिवहन व्यवस्था, ठोस अवशिष्ठ प्रबंधन, बिजली आपूर्ति, भूखंड प्रयोजन की योजना-2023, विकास की नई योजना और पांच साल की विकास योजना