डायबीटीज से किडनी और दिल की बीमारियों का खतरा कई गुन बढ़ जाता है। ऐसे में दवाएं भी ज्यादा खाना मरीज के लिए परेशानी का कारण बन जाता है। वहीं अब डायबीटीज की एक ऐसी दवा सामने आयी है जो शुगर नियंत्रित करने के साथ ही किडनी और दिल को भी सुरक्षित रखेगी।
डॉक्टरों के अनुसार डायबीटीज से पीड़ित मरीजों में इस दवा की सहायता से किडनी को 30 प्रतिशत तक सुरक्षित रखा जा सकता है। कैनाग्लिफ्लोजिन नाम की यह दवा जो सोडियम ग्लूकोज ट्रांसपोर्टर की तरह काम करती है न सिर्फ ब्लड शुगर को नियंत्रित कर किडनी डैमेज से बचाती है बल्कि दिल से जुड़ी बीमारियों जैसे हार्ट फेल से बचाने में भी मदद करती है अनुसंधानकर्ताओं ने कैनाग्लिफ्लोजिन नाम की दवा पर पर अध्ययन के बाद कहा कि डायबीटीज के मरीजों की बढ़ती संख्या को देखते हुए इस नई ट्रीटमेंट के बारे में जानकारी हासिल करना जरूरी है। पिछले करीब 2 दशक से दुनियाभर में लोगों में किडनी फेल होने का अहम कारण डायबीटीज ही रहा है लेकिन किडनी के फंक्शन को बचाने के लिए किसी तरह का नया इलाज विकसित नहीं किया गया। डायबीटीद से पीड़ित लोगों में किडनी फेलियर, हार्ट अटैक और स्ट्रोक जैसी बीमारियों का खतरा कई गुना अधिक रहता है। ऐसे में कैनाग्लिफ्लोजिन नाम की यह दवा महत्वपूर्ण खोज के रूप में साबित हो सकती है। सिर्फ इस एक दवा को हर दिन लेने से डायबीटीज के मरीजों में किडनी और हार्ट डिजीज के खतरे को कम किया जा सकता है।
दिल से जुड़ी बीमारियों का भी खतरा होता है कम 
अनुसंधानकर्ताओं के अनुसार इस अध्यान के परिणाम बताते हैं कि कैनाग्लिफ्लोजिन का सेवन करने वाले मरीजों में किडनी फेलियर और दिल से जुड़ी बीमारियों का खतरा 30 प्रतिशत तक कम हो जाता है। साथ ही इस दवा का कोई बहुत ज्यादा साइड-इफेक्ट या खतरा भी सामने नहीं आया है।