मैनचेस्टर। विश्व कप 2019 का पहला सेमीफाइनल मैच भारत व न्यूजीलैंड के बीच मैनचेस्टर में खेला जा रहा है। ये मैच मंगलवार को खेला जाना था, लेकिन बारिश की वजह से ये तय दिन में पूरा नहीं हो पाया। मंगलवार को सिर्फ 46.1 ओवर का खेल हुआ जिसमें कीवी टीम ने 46.1 ओवर में 6 विकेट पर 211 रन बनाए। बुधवार को पहली पारी को पूरा करते हुए न्यूजीलैंड की टीम ने 3.5 ओवर में 3 विकेट पर 28 रन बनाए। यानी कीवी टीम ने निर्धारित 50 ओवर में 8 विकेट पर 239 रन बनाए। अब भारत को फाइनल में पहुंचने के लिए 240 रन का टारगेट मिला है। खबर लिखे जाने तक भारत ने 1 ओवर में बगैर विकेट के 2 रन बना लिए हैं। 
भारत की पारी, 

भारत की ओर से पारी की शुरुआत करने रोहित शर्मा और केएल राहुल आए हैं।

न्यूजीलैंड की पारी, केन विलियमस व टेलर के अर्धशतक
जैसा अनुमान था मंगलवार को ओल्ड ट्रैफर्ड स्टेडियम में हूबहू वैसा ही हुआ। सबको उम्मीद थी कि बुमराह और भुवनेश्वर कुमार अच्छी गेंदबाजी करेंगे, उन्होंने वैसा ही किया। न्यूजीलैंड के शीर्ष क्रम के फेल होने, खासतौर पर मार्टिन गुप्टिल (01) के जल्दी आउट होने की उम्मीद थी, वैसा ही हुआ। न्यूजीलैंड के कप्तान केन विलियमसन (67) के टिककर अपनी टीम को संभालने की उम्मीद थी, उन्होंने भी वैसा ही किया। हेनरी निकोलस ने 28 रन की पारी खेली और जडेजा का शिकार बने। जेस्म नीशम ने 12 रन बनाए और हार्दिक पांड्या की गेंद पर कार्तिक के हाथों कैच आउट हुए। कोलिन डी ग्रैंडहोम ने 16 रन पर भुवी की गेंद पर अपना विकेट गंवा दिया। रॉस टेलर को जडेजा ने 74 रन पर रन आउट कर दिया। उन्होंने 90 गेंदों का सामना करते हुए अपनी टीम के लिए काफी अच्छी पारी खेली। लेथम भी दस रन बनाकर भुवी की गेंद पर चलते बने। उनका कैच जडेजा ने लपका। 

पहली पारी में मिचेल सैंटनर 9 रन बनाकर नाबाद रहे जबकि ट्रेंट बोल्ट तीन रन पर नाबाद पवेलियन लौटे। भारत की तरफ से भुवनेश्वर कुमार ने तीन शिकार किए जबकि बुमराह, पांड्या, जडेजा और चहल को एक-एक सफलता मिली। 

दवाब में थी न्यूजीलैंड 
न्यूजीलैंड की पहली पारी में पहली ही गेंद पर भुवनेश्वर कुमार की गेंद ओपनर मार्टिन गुप्टिल को लगी, अंपायर ने पश्चिम से पूर्व की ओर मुंह हिलाते हुए ना का इशारा किया। आखिरी सेकेंड में विराट कोहली ने डीआरएस लिया, लेकिन रीप्ले में पता चल रहा था कि गेंद लेग स्टंप के बाहर जा रही थी। गुप्टिल और निकोलस (28) इतना दबाव में थे कि पहला ओवर मेडन गया। बुमराह ने दूसरा ओवर मेडन फेंका। भुवी ने तीसरे ओवर में एक रन दिया। चौथे ओवर में बुमराह की गेंद ऑफ स्टंप की लाइन में टिप्पा खाई और गेंद हवा में तैरती हुई दूसरी स्लिप पर कप्तान विराट कोहली के पास पहुंच गई।

गुप्टिल फिर फेल
कप्तान के शानदार कैच की बदौलत लगातार फेल चल रहे गुप्टिल 14 गेंद पर सिर्फ एक रन बनाकर आउट हुए। चौथे ओवर की आखिरी गेंद पर एक रन गया। गुप्टिल इस विश्व कप में नौ मैचों में सिर्फ 167 रन बना पाए। उन्होंने इस विश्व कप की शुरुआत श्रीलंका के खिलाफ नाबाद 73 रनों की पारी खेलकर की थी, लेकिन उसके बाद वह आठ पारियों में सिर्फ 11.74 के औसत से 94 रन बना सके। न्यूजीलैंड ने इस विश्व कप में पहले मैच में पहले विकेट के लिए 137 रनों की साझेदारी की थी और उसके बाद उनकी तरफ से पहले विकेट के लिए 35, 29, 12, 5, 2, 1, 0, 0 और 01 रनों की साझेदारी हुई। यह क्रम आज भी जारी रहा।

विलियमसन पर पड़ा बोझ
न्यूजीलैंड के नकारा ओपनरों के कारण ही कप्तान विलियमसन को इस विश्व कप में एक तरह से ओपनर का ही काम करना पड़ा है। वह पहले मैच में श्रीलंका के खिलाफ 16.2, दूसरे मैच में बांग्लादेश के खिलाफ 5.2, तीसरे मैच में अफगानिस्तान के खिलाफ 0.2 , चौथे मैच में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 2.2, वेस्टइंडीज के खिलाफ 0.2, पाकिस्तान के खिलाफ 1.2, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ 9.3, इंग्लैंड के खिलाफ 0.6 और भारत के खिलाफ 3.4वें ओवर में बल्लेबाजी करने उतरे। मैच में एक पल भी ऐसा नहीं लगा कि न्यूजीलैंड की टीम जीतने के लिए खेल रही है। न्यूजीलैंड के 10 ओवर के पावरप्ले में सिर्फ 27 रन ही बने थे।