हर्षवर्धन पाटिल की विदाई कांग्रेस के लिए बड़ा झटका है. वह चार बार पुणे की इंदपुर सीट से विधायक रहे हैं. पाटिल 1995 से 2014 तक राज्य सरकार में मंत्री रहे हैं. 1995, 1999, 2004 में उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़ा था. जबकि 2009 के चुनाव में उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा था.
    कांग्रेस और एनसीपी के नेता आज करेंगे बीजेपी जॉइनकांग्रेस के पूर्व मंत्री हर्षवर्धन पाटिल होंगे बीजेपी में शामिलएनसीपी नेता गणेश नाइक आज थामेंगे बीजेपी का हाथ

महाराष्ट्र में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं. ऐसे में नेताओं के दल बदलने की खबरे सुर्खियों में हैं. आज कांग्रेस और एनसीपी के दो मुख्य नेता बीजेपी जॉइन करने जा रहे हैं. कांग्रेस सरकार के पूर्व मंत्री हर्षवर्धन पाटिल (इंदौर, पुणे) और नवी मुंबई के कद्दावर और एनसीपी नेता गणेश नाइक बीजेपी जॉइन करने जा रहे हैं. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस की मौजूदगी में दोनों नेता बीजेपी का हाथ थामेंगे.

हर्षवर्धन पाटिल की विदाई कांग्रेस के लिए बड़ा झटका है. वह चार बार पुणे की इंदपुर सीट से विधायक रहे हैं. पाटिल 1995 से 2014 तक राज्य सरकार में मंत्री रहे हैं. 1995, 1999, 2004 में उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़ा था. जबकि 2009 के चुनाव में उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा था. 1995 में उन्होंने शिवसेना-बीजेपी सरकार को समर्थन किया था और इसमें उन्हें मंत्री पद मिला था.

हर्षवर्धन पाटिल की राजनीति हमेशा एनसीपी के खिलाफ रही है. 2014 में जब कांग्रेस ने एनसीपी से गठबंधन तोड़ा तो पाटिल एनसीपी नेता दत्ता भरणे से चुनाव हार गए. 2019 के लोकसभा चुनाव में पाटिल एक बार फिर पवार समर्थित सुप्रिया सुले के साथ गठबंधन किया. पाटिल एनसीपी से परेशान थे और उन्होंने आरोप लगाया था कि आगामी विधानसभा चुनाव में एनसीपी उनकी मदद नहीं करेगी.

पाटिल इंदपुर सीट से विधानसभा चुनाव लड़ना चाहते थे, लेकिन एनसीपी नेता इस सीट को छोड़ने के लिए तैयार नहीं थे. इंदपुर शिवसेना की सीट है, लेकिन पाटिल के पार्टी जॉइन करने के बाद वह इस सीट को बीजेपी के लिए छोड़ सकती है.
इसके अलावा नवी मुंबई के कद्दावर नेता गणेश नाइक भी आज बीजेपी जॉइन कर रहे हैं. गणेश के बेटा और अरोली से विधायक संदीप पहले ही बीजेपी जॉइन कर चुके हैं. गणेश नाइक करीब 15 सालों तक कैबिनेट मंत्री रहे हैं. नाइक के बेटे संजीव 2009 में सांसद बने थे.

जानकारी के मुताबिक, 55 एनसीपी पार्षद भी बीजेपी जॉइन करेंगे. इसके बाद नवी मुंबई नगर निगम पर बीजेपी का कब्जा हो जाएगा. नवी मुंबई से मौजूदा विधायक मंदा म्हात्रे और गणेश नाइक एक-दूसरे के विरोधी हैं.