कांग्रेस के दिग्गज नेताओं के बीच मनमुटाव कि चर्चाएं हुई आम

 

छतरपुर- कहते हैं राजनीति में कोई किसी का सगा नहीं होता, जिसकी राह जिसके साथ सही दिशा में जाती हो वह उसी दिशा में चला जाता है फिर चाहे वह भाई हो या दोस्त हो हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव में कई ऐसे रिश्ते और संबंध सामने आए जो कहने को तो साथ है मगर उनकी राहें जुदा थी जो चुनाव बाद अब स्पष्ट नजर आने लगी यहाँ हम बात कर रहे हैं छतरपुर विधायक आलोक चतुर्वेदी और छतरपुर के पूर्व विधायक शंकर प्रताप सिंह बुंदेला के बीच संबंधों की जिनके बीच अब दरार आ चुकी है।

 
 

हाल ही में हुए विधानसभा चुनाव से पहले कई ऐसे मंच और सभाएं थी जहां आलोक चतुर्वेदी और शंकर प्रताप सिंह हाथों में हाथ लिए कांग्रेस की एकता का गुणगान गा रहे थे लग भी रहा था कि आप कांग्रेस  सपने पुराने स्वरूप में लौट रही है। पर अब जिले के दिग्गज कांग्रेसी नेताओं के बीच आपसी मनमुटाव अब साफ देखने को मिल रहा है बात करे शंकर प्रताप सिंह मुन्ना राजा द्वारा बरसों से कराए जा रहे बुंदेली उत्सव की प्रेस कॉन्फ्रेंस की गई जिसमें कांग्रेस विधायक आलोक चतुर्वेदी नदारद रहे जबकि पिछले वर्ष हुई  इसी कार्यक्रम की प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया है साथ ही बसारी में हुए कार्यक्रमों में भी शामिल हुए थे 

 

संबंधों के बीच दरारों का एक और उदाहरण कुछ दिन पहले देखने को मिला जब नगरी प्रशासन मंत्री जयवर्धन सिंह का छतरपुर आगमन हुआ उस दिन  स्वागत के लिए शंकर प्रताप सिंह मुन्ना राजा द्वारा शहर के व्यस्ततम क्षेत्र डाकखाने चौराहे पर एक बड़ी होर्डिंग लगाई गई थी जिसमें सभी कांग्रेसी विधायकों और नेताओं के फोटो तो से परंतु आलोक चतुर्वेदी की फोटो उसमें से गायब थी इस तरह की घटनाएं साफ इशारा कर रही हैं कि इन दोनों नेताओं के बीच संबंध ठीक नहीं चल रहे हैं अगर इसी तरह के हालात रहे तो आगामी लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को इसका खामियाजा भुगतना पड़ सकता है